आजादी के अड़सठ वर्षों बाद भी जोधपुर के कई इलाकों में लोगों के हलक सूखे हैं।

Posted on 29/04/2016

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धुन्धाड़ा/जोधपुर

ग्राम पंचायत धुन्धाड़ा के पांचावतों का बास और गोदावतों का वास के लोग इन दिनों पीने के पानी के लिए तरस रहे हैं। महिलाएं सुबह होते ही पानी की जुगत में लग जाती हैं। पांचावतों के वास में पानी की पाइप लाइनें हैं, लेकिन इनमें आजादी के बाद से पानी नहीं आया। जबकि गोदावतों के वास में करीब छह माह से जलापूर्ति ठप है।

इन मोहल्लों में रहने वाले हाड़ तपाती गर्मी में पानी की जुगत के लिए मारे-मारे फिर रहे हैं। वैसे पूरे गांव में ही आठ से दस दिन के अंतराल में जलापूर्ति हो रही है। लोगों ने बताया कि टेंकर वाले हजार से बारह सौ रुपए तक में पानी का टेंकर डालने के लिए तैयार नहीं है।

टेंकर वालों का कहना है कि तालाबों में पानी नहीं है और जलदाय विभाग की पाइप लाइन से आपूर्ति नहीं हो रही तो टेंकर को कहां से भरें। इसके अलावा नदी में कुंओं का पानी फैक्ट्रियों के पानी से प्रदूषित हो चुका है। इससे कस्बे के हालात गंभीर हो गए हैं।

पटेल से उम्मीद थी

गांव के लोगों को जोगाराम पटेल के विधायक बनने के बाद पानी की समस्या हल होने की उम्मीद जगी थी। लेकिन अब लोग निराश हैं। हालांकि विधायक पटेल के निर्देश पर जलदाय विभाग ने पिछले दिनों सीवरेज लाइन डालने के दौरान होली के चौक में क्षतिग्रस्त पाइप लाइनों को दुरुस्त कराया। जलदाय विभाग की ओर से पाइप लाइन को ठीक करा दिया, इसके बाद भी पेयजल आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ।

कब आएगा पानी

पांचावतों का वास में आजादी के बाद से आज तक पाइप लाइन में पानी नहीं आया। कई सरकारें आई और बदल गई, लेकिन पानी की समस्या का आज तक समाधान नहीं हुआ। पता नहीं कब समस्या मिटेगी। – अजय चौधरी

पानी के लिए दर-दर घूमने की मजबूरी

एक-एक मटकी पानी के लिए दर-दर घूमना पडता है। जनप्रतिनिधि व अधिकारी जानकर भी अंजान बने हुए हैं। पता नहीं सिर से पानी की मटकी कब उतरेगी। – हंजा पटेल

पांचावतों व गोदावतों के वास के वाशिन्दों ने मुझे आज तक पानी की समस्या के बारे में जानकारी नहीं दी। समस्या है तो इसका समाधान करने का प्रयास किया जाएगा।

-प्रभाकर वैष्णव, कनिष्ठ अभियंता, जलदाय विभाग।

Source :- rajasthanpatrika.patrika.com

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